नई दिल्ली। वर्ष 2007 में अजमेर में हुए बम विस्फोट के मामले में पुलिस द्वारा तैयार किए गए आरोप पत्र को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शनिवार को एक राजनीतिक साजिश बताया और कहा कि ऎसा राष्ट्रीय संगठनों को बदनाम करने के लिए किया गया है। जबकि कांग्रेस ने कहा कि इससे यह साफ हो गया है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के नेता इस कथित आतंकी कार्रवाई में लिप्त थे। भाजपा प्रवक्ता निर्मला सीतारमन ने कहा, ""राष्ट्रवादी संगठनों को बदनाम करने की एक राजनीतिक साजिश है। इस साजिश में आरएसएस को जो़डना चकित करने वाला है।"" सीतारमन ने कहा कि आरोप पत्र में कुछ लोगों को गलत तरीके से प्रचारक बताया गया है। उन्होंने सवाल किया, ""जिस दिन आरोप पत्र दाखिल किया गया, क्या उस दिन वे प्रचारक थे।"" कट्टरपंथी हिंदू संगठन, अभिनव भारत की भूमिका पर सीतारमन ने कहा कि भाजपा का इस संगठन से कुछ भी लेनादेना नहीं है। राजस्थान पुलिस के उस आरोप पत्र के बारे में पूछने पर जिसमें आरएसएस नेता इंदे्रश कुमार का नाम शामिल है, सीतारमन ने कहा कि उनका नाम बगैर प्रामाणिक सबूत के शामिल किया गया है। उन्होंने सवाल किया, ""आरोप पत्र में कहा गया है कि उन्होंने एक गुप्त बैठक में हिस्सा लिया था। क्या यह ठोस है।"" दूसरी ओर कांग्रेस के प्रवक्ता मनीष तिवारी ने कहा कि आरोप पत्र आरएसएस की जगजाहिर धर्माधता का एक दस्तावेज है।
भारत समाचार
अजमेर विस्फोट : भाजपा ने आरोप पत्र को राजनीतिक साजिश बताया





















