भोपाल । खनिज का सुनिश्चित व वैज्ञानिक तरीके से विकास करने के मकसद के साथ मध्य प्रदेश की खनिज नीति 2010 को मंजूरी दे दी गई।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में इसे मंजूरी दी गई। नीति के मुताबिक विभागीय अमले को आधुनिक तकनीक और प्रौद्योगिकी से प्रशिक्षित किया जाएगा, इस कार्य में निजी सहभागिता को भी सुनिश्चित किया जाएगा। इसके अलावा खनिजों के अन्वेक्षण, अमले के सुदृढ़ीकरण के लिए खनिज विकास निधि का गठन किया जाएगा। खनिज के अवैध उत्खनन व परिवहन को रोकने के लिए कई अन्य विभागों का सहयोग लिया जाएगा और जांच चौकी व टोल नाकों की स्थापना, खनिज परिवहन के लिए ई-परमिट की व्यवस्था के अलावा अवैध उत्खनन रोकने के लिए उपग्रह के आंक़डों का सहारा लिया जाएगा। मंत्रिपरिषद ने निर्णय लिया है कि शपथ पत्र के आधार पर आय प्रमाण पत्र यथासंभव आवेदन के दिन ही दे दिया जाए। ऎसी व्यवस्था की जाएगी। अधिकतम समय सीमा तीन दिन होगी। साथ ही नौ विभाग की 25 सेवाओं को लोकसेवा गारंटी अधिनियम के अधीन लाने की स्वीकृति प्रदान की गई।
भारत समाचार
मप्र में नई खनिज नीति को मंजूरी





















