नागपुर। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) से संबंद्ध इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) की गवर्निग काउंसिल ने बुधवार को इस वर्ष गठित सबसे नईनवेली टीम कोच्चि के मालिकों के नाम बर्खास्तगी संबंधी नोटिस जारी किया।
बीसीसीआई ने कोच्चि टीम को अपनी समस्याएं सुलझाने के लिए एक महीने की मोहलत दी है। गवर्निग काउंसिल ने बुधवार को नागपुर में आपात बैठक के बाद कोच्चि टीम को नोटिस का जवाब देने के लिए 30 दिन का समय दिया है। कोच्चि टीम से पूछा गया है कि आखिर क्यों न उसे बर्खास्त कर दिया जाए। कोçच्चा टीम को इस नोटिस का जवाब भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) को देना होगा। गवर्निग काउंसिल के इस फैसले को कोच्चि टीम के लिए राहत माना जा रहा है क्योंकि उसे अपने विवाद सुलझाने के लिए 30 दिनों का समय मिल गया है।
बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर ने कहा कि गवर्निंग काउंसिल को टीम के हिस्सेदार रेंदेवू समूह और अन्य सह-हिस्सेदारों के जवाब मिले हैं लेकिन दोनों पक्षों का मानना है कि हिस्सेदारी को लेकर उनके मतभेद अब भी बरकरार हंै। मनोहर ने कहा, ""गवर्निग काउंसिल ने धारा 12 (1) के आधार पर कोçच्चा के हिस्सेदारों को अपने मतभेद सुलझाने का एक महीने का समय दिया है। 30 दिन के भीतर अगर वे अपनी समस्याएं नहीं सुलझा पाए तो 31वें दिन इस फ्रेंचाइजी टीम को भंग कर दिया जाएगा।"" बीसीसीआई कोçच्चा फ्रेंचाइजी टीम की हिस्सेदारी सम्बंधी ढांचे को लेकर नाराज है। हिस्सेदारी संबंधी विवादों के कारण ही उसने राजस्थान रॉयल्स और किंग्स इलेवन पंजाब को 10 अक्टूबर को आईपीएल से बाहर करने का फैसला सुनाया था। 30 दिनों के भीतर यदि कोçच्चा टीम अपने विवाद सुलझाने में नाकाम रहती है तो उसे इस प्रतिष्ठित ट्वेंटी-20 लीग से बाहर कर दिया जाएगा।
गवर्निग काउंसिल ने साफ किया कि पंजाब और राजस्थान की टीमों ने हिस्सेदारी से जु़ड़ी आईपीएल की शर्तो का उल्लंघन किया है जबकि कोच्चि के साथ ऎसा नहीं है। यही कारण है कि उसे इस मसले को खत्म करने के लिए 30 दिनौं का समय दिया गया है। ऎसे में जबकि राजस्थान और पंजाब की टीमें पहली ही बाहर हो चुकी हैं, कोच्चि के बाहर होने के बाद आईपीएल में टीमौं की संख्या घटकर सात रह जाएगी। राजस्थान और पंजाब की टीमें आईपीएल की बीते तीन संस्करणों में खेल चुकी हैं लेकिन कोच्चि ने अपना पहला मैच भी नहीं खेला है। कोçच्चा टीम में एंकर अर्थ, पैरीनी डेवलपर्स, रोजी ब्लू और फिल्म वेब नाम की चार कम्पनियों की 75 फीसदी हिस्सेदारी है। इसके अकावा गायकवाड भाइयों के रेंदेवू स्पोट्र्स वल्र्ड की 25 फीसदी हिस्सेदारी है। इसी कम्पनी के नाम पर कोच्चि के लिए नीलामी में बोली लगाई गई थी। कोçच्चा टीम को 333 करो़ड डॉलर में खरीदा गया था।
भारत समाचार
आईपीएल विवाद : कोच्चि को एक महीने में सुलझाने होंगे अपने विवाद





















