नई दिल्ली। भारत की सर्वोच्च वरीयता प्राप्त महिला बैडमिंटन खिल़ाडी सायना नेहवाल ने गुरूवार को कहा कि तीन अक्टूबर से शुरू हो रहे राष्ट्रमंडल खेलों को लेकर वे बिल्कुल दबाव में नहीं हैं।
सायना ने बातचीत के दौरान कहा, ""राष्ट्रमंडल खेल जैसे ब़डे आयोजन में किसी अंतर्राष्ट्रीय खिल़ाडी का सामना करना जूनियर खिलाडियों के लिए काफी फायदेमंद हो सकता है। मैं मानती हूं कि राष्ट्रमंडल खेल महत्वपूर्ण आयोजन है और मैं इसके लिए पूरी तरह तैयार हूं। मुझ पर किसी प्रकार का दबाव नहीं है।"" विश्व की तीसरी वरीयता प्राप्त खिल़ाडी सायना ने कहा कि वह बगैर दबाव के खेलते हुए विश्व की किसी भी खिल़ाडी को पराजित कर सकती हैं। बकौल सायना, ""मैंने अब तक कई बार बिना दबाव के खेलते हुए कई ब़डी खिलाç़डयों को हराया है। आगे भी मैं ऎसा कर सकती हूं।"" सायना मानती हैं कि मेलबर्न राष्ट्रमंडल खेलों के बाद चार वर्ष के अंतराल में उनके लिए काफी कुछ बदला है। पहले उन पर अपेक्षाओं का दबाव नहीं था लेकिन अब यह दबाव साफ दिखता है। सायना ने कहा, ""चार वर्ष में मेरे लिए काफी कुछ बदला है। मेरे खेल में सुधार हुआ है। अब मेरा नाम विश्व की सबसे अच्छी खिलाडियों में आता है। इस बात को ध्यान में रखते हुए मैं लगातार अच्छा प्रदर्शन करना चाहती हूं। दिल्ली में भी मैं अच्छा प्रदर्शन करते हुए देश के लिए पदक जीतने का प्रयास करूंगी।"" सायना ने इस वर्ष लगातार तीन खिताब जीते हैं। साथ ही वह विश्व वरीयता क्रम में दूसरे क्रम पर पहुंची थीं। सायना ने कहा, ""मैं अपनी रक्षात्कम प्रणाली पर काम कर रही हू। साथ ही मैं कोर्ट पर अपने मूवमेंट पर भी ध्यान दे रही हूं। विश्व चैम्पियनशिप में खेलने के बाद मैंने अपनी इन कमियों पर ध्यान देना शुरू कर दिया है।""





















