जकार्ता/वाशिंगटन। ब्लैकबेरी मामले में इंडोनेशिया सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात की तरह अपने देश में प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रहा है।
जबकि अमेरिका ब्लैकबेरी के पक्ष में सामने आया है। अमेरिका का कहना है कि मसला सिर्फ किसी कंपनी का नहीं, बल्कि सूचना की आजादी से जुडा हुआ है।
गौरजलब है कि ब्लैकबेरी बनाने वालील कंपनी रिम ने अमेरिका को निगरानी की छूट दे रखी है। जबकि इंडोनेशिया के संचार और सूचना मंत्रालय के प्रवक्ता गैटोट ने कहा है कि मंत्रालय चाहता है कि रिम स्थानीय स्तर पर एक सर्वर स्थापित करे ताकि फोन से भेजी गई कूटबद्ध सूचनाएं कनाडियन कंपनी के विदेश में लगे कंप्यूटरों के जरिए न जाएं। इंडोनेशिया ने चिंता जताई है कि इन सूचनाओं का अपराधी या जासूस इस्तेमाल कर सकते हैं। जबकि अमेरिका के विदेश विभाग के प्रवक्ता पीजे क्राउले ने कहा है कि ब्लैकबेरी ने दुनियाभर के लोगों के लिए सूचनाओं का नया द्वार खोला है। इसलिए यह सिर्फ एक उपकरण या नेटवर्क का मामला नहीं है।
भारत समाचार
अमेरिका ब्लैकबेरी के पक्ष में,इंडोनेशिया कर रहा है प्रतिबंध पर विचार





















