सिडनी। राष्ट्रमंडल खेल-2018 की मेजबानी हासिल करने के लिए श्रीलंका की ओर से कोई ठोस प्रयास न करने की वजह से आस्ट्रेलियाई शहर गोल्ड कोस्ट को इन खेलों की मेजबानी मिलना लगभग तय है।
समाचार एजेंसी डीपीए के अनुसार गोल्ड कोस्ट के मेयर रॉन क्लार्क ने सोमवार को कहा, ""यह बिल्कुल अजीब बात है। मैंने कभी ऎसी बात नहीं सुनी थी।"" ओलम्पिक खेलों में भाग ले चुके पूर्व एथलीट क्लार्क श्रीलंका के राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे के फैसले पर टिप्पणी कर रहे थे। दरअसल, राजपक्षे ने मेजबानी के लिए गोलबंदी न करने का फैसला किया था। श्रीलंका का तटीय शहर हम्बानटोटा वर्ष 2018 के राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबानी का दावेदार था। क्लार्क ने कहा कि गोल्ड कोस्ट को मेजबानी मिलना सुनिश्चित हो गया है। मेजबानी का दावा करने वाले अफ्रीकी देश नाइजीरिया इस साल की शुरूआत में ही पीछे हट गया था। क्लार्क ने कहा, ""मेजबानी की दौ़ड में हम निश्चित तौर पर श्रीलंका से आगे निकल चुके हैं।"" गोल्ड कोस्ट आस्ट्रेलिया के `ींसलैंड प्रांत का शहर है। प्रांतीय सरकार ने गोल्ड कोस्ट को खेलों के आयोजन के लिए पूरी आर्थिक मदद का वादा किया है। संघीय सरकार की ओर से भी पूरी सहायता देने की बात कही गई है। वर्ष 2014 के राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबानी स्कॉटलैंड का शहर ग्लास्गो कर रहा है। आस्ट्रेलिया इससे पहले 1938 (सिडनी), 1962 (पर्थ), 1982 (ब्रिस्बेन) और 2006 (मेलबर्न) में राष्ट्रमंडल खेलों का आयोजन कर चुका है। वर्ष 20018 के मेजबान का ऎलान अगले साल नवम्बर में किया जाना है।





















