नई दिल्ली। अप्रैल महीने में देश का निर्यात पिछले साल के इसी महीने की तुलना में 36.2 प्रतिशत बढ़कर 16.9 अरब डॉलर का हो गया है। पिछले साल इसी महीने में 12.4 अरब डॉलर का निर्यात हुआ था। आर्थिक मंदी के दौरान निर्यात में 13 महीने तक चली गिरावट के बाद अप्रैल में लगातार छठवे महीने में यह बढ़ोतरी दर्ज की गई है। सरकारी आंक़डों के मुताबिक वर्ष 2009-10 में देश का निर्यात 4.7 प्रतिशत घटा है, यह गिरावट आर्थिक मंदी के दौरान मांग में कमी के कारण हुई थी।
सरकार ने वर्ष 2010-11 में निर्यात में 15 प्रतिशत की दर से वद्धि का लक्ष्य रखा है। अप्रैल महीने में देश के आयात में 43.3 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है, इस दौरान आयात बढ़कर 27.3 अरब डॉलर का हो गया है। पिछले साल की इसी अवधि में 19 अरब डॉलर का आयात हुआ था। इस दौरान सरकार का व्यापार घाटा पिछले साल के अप्रैल महीने के 6.6 अरब डॉलर से बढ़कर 10.4 अरब डॉलर हो गया है। अप्रैल में पेट्रोलियम उत्पादों के आयात में 70.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है।
पिछले साल के अप्रैल महीने के 4.7 अरब डॉलर मूल्य के पेट्रोलियम उत्पादों के आयात की तुलना में इस बार आठ अरब डॉलर का आयात किया गया है। इस दौरान गैर तेल आयातों में 34.3 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अप्रैल 2009 के 14.3 अरब डॉलर की तुलना में यह बढ़कर 19.2 अरब डॉलर हो गया है।
व्यापार क्षेत्र के विशेषज्ञों का कहना है कि निर्यात में हुई यह बढ़ोतरी केवल कमजोर आधार के कारण नजर आ रही है। यूरोप में जारी ऋण संकट के चलते निर्यात में बढ़ोतरी की दर को बनाए रखने को लेकर आशंकाएं बनी हुई हैं।
भारत समाचार
निर्यात अप्रैल में 36 प्रतिशत बढ़ा





















